• About
  • Contact
  • Sitemap
  • Gallery
No Result
View All Result
Vacancies
Sunday, March 1, 2026
The Indian Tribal
  • Home
  • Achievers
    • उपलब्धिकर्ता
  • Cuisine
    • खान पान
  • Health
    • स्वास्थ्य
  • Legal
    • कानूनी
  • Music
    • संगीत
  • News
    • Updates
    • खबरें
  • Sports
    • खेलकूद
  • Variety
    • विविध
  • हिंदी
    • All
    • आदिवासी
    • उपलब्धिकर्ता
    • कला और संस्कृति
    • कानूनी
    • खबरें
    • खान पान
    • खेलकूद
    • जनजाति
    • भारत
    • विविध
    • संगीत
    • संस्कृति
    • स्वास्थ्य
    The Indian Tribal

    बांसवाड़ा की दो सशक्त आदिवासी महिलाएं रच रहीं सामाजिक बदलाव की नई कहानी

    The Indian Tribal

    बेटियों की शिक्षा की बनी ढाल, रोके पाँच बाल विवाह

    The Indian Tribal

    घूंघट और घर से बाहर निकल नेतृत्व क्षमता की मिसाल बन रही हैं राजस्थान की ये आदिवासी महिलाएं

    The Indian Tribal

    सिक्किम में स्केटबोर्डिंग बना जनजातीय युवाओं की नई पहचान

    The Indian Tribal

    बाघों का खौफ और शादी का संकट: क्या पलायन ही गोंड आदिवासियों का एकमात्र विकल्प है?

    The Indian Tribal

    मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा: जिसने भारत को आदिवासी चेतना दी

    The Indian Tribal

    क्या एकरूपता की मांग में टिक पाएगी डोंगरिया कोंध शॉल?

    The Indian Tribal

    बीज, मिट्टी और गीतों के ज़रिये जैविक खेती मिशन पर है यह आदिवासी किसान

  • Gallery
    • Videos
  • Latest News
The Indian Tribal
  • Home
  • Achievers
    • उपलब्धिकर्ता
  • Cuisine
    • खान पान
  • Health
    • स्वास्थ्य
  • Legal
    • कानूनी
  • Music
    • संगीत
  • News
    • Updates
    • खबरें
  • Sports
    • खेलकूद
  • Variety
    • विविध
  • हिंदी
    • All
    • आदिवासी
    • उपलब्धिकर्ता
    • कला और संस्कृति
    • कानूनी
    • खबरें
    • खान पान
    • खेलकूद
    • जनजाति
    • भारत
    • विविध
    • संगीत
    • संस्कृति
    • स्वास्थ्य
    The Indian Tribal

    बांसवाड़ा की दो सशक्त आदिवासी महिलाएं रच रहीं सामाजिक बदलाव की नई कहानी

    The Indian Tribal

    बेटियों की शिक्षा की बनी ढाल, रोके पाँच बाल विवाह

    The Indian Tribal

    घूंघट और घर से बाहर निकल नेतृत्व क्षमता की मिसाल बन रही हैं राजस्थान की ये आदिवासी महिलाएं

    The Indian Tribal

    सिक्किम में स्केटबोर्डिंग बना जनजातीय युवाओं की नई पहचान

    The Indian Tribal

    बाघों का खौफ और शादी का संकट: क्या पलायन ही गोंड आदिवासियों का एकमात्र विकल्प है?

    The Indian Tribal

    मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा: जिसने भारत को आदिवासी चेतना दी

    The Indian Tribal

    क्या एकरूपता की मांग में टिक पाएगी डोंगरिया कोंध शॉल?

    The Indian Tribal

    बीज, मिट्टी और गीतों के ज़रिये जैविक खेती मिशन पर है यह आदिवासी किसान

  • Gallery
    • Videos
  • Latest News
No Result
View All Result
The Indian Tribal
No Result
View All Result
  • Home
  • Achievers
  • Cuisine
  • Health
  • Legal
  • Music
  • News
  • Sports
  • Variety
  • हिंदी
  • Gallery
  • Latest News
Vacancies
Home » द इंडियन ट्राइबल / हिंदी » खेलकूद » आदिवासी बच्चों का भविष्य निखार रहा सीसीएल का ‘प्रोजेक्ट फुटबॉल’

आदिवासी बच्चों का भविष्य निखार रहा सीसीएल का ‘प्रोजेक्ट फुटबॉल’

कोल इंडिया लिमिटेड की सहायक कंपनी सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) की सीएसआर पहल फुटबॉल का शौक रखने वाले होनहार खिलाडिय़ों खासकर आदिवासी बच्चों के लिए वरदान साबित हो रही है। एनजीओ आशा के निमंत्रण पर The Indian Tribal के संस्थापक-संपादक एम. मधुसूदन ने ‘प्रोजेक्ट फुटबॉल’ पर करीब से नजर डाली

April 23, 2024
CCL CSR | The Indian Tribal

‘प्रोजेक्ट फुटबॉल’ के तहत चयनित खिलाड़ी फूटबाल की बारीकियाँ सीखते हुए

रांची

ऐसा बहुत कम होता है कि आप झारखंड के सुदूर क्षेत्रों में जाएं और स्पोर्टवियर में युवा लडक़े और लड़कियों को पूरे अनुशासन के साथ पेशेवर तरीके से प्रशिक्षण लेता देखें। लेकिन, पिछले कुछ महीनों से राज्य के दो जिलों के कई ब्लॉकों में ऐसे नजारे आम हो गए हैं। राज्य के इन हिस्सों में शांत भाव से एक आंदोलन आकार ले रहा है। यहां आपको हर जगह युवा अपने पेशेवर प्रशिक्षकों की निगरानी में पूरी गंभीरता और तल्लीनता से कड़ा प्रशिक्षण लेते हुए दिख जाएंगे।

एनजीओ आशा के ‘प्रोजेक्ट फुटबॉल’ के तहत रांची और रामगढ़ जिलों के विभिन्न ब्लॉकों में ट्रायल में भाग लेने आए सैकड़ों लोगों में से चुने गए 100 फुटबॉल खिलाड़ियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस प्रोग्राम को देश की दिग्गज कोयला कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड (सीआईएल) की सहायक कंपनी सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) द्वारा प्रायोजित किया जा रहा है। यह कार्यक्रम कंपनी का कॉर्पोरेट सामाजिक जिम्मेदारी (सीएसआर) का हिस्सा है। यह परियोजना झारखंड में खेल संस्कृति विकसित करने की दिशा में मजबूत कदम माना जा रहा है। इस परियोजना को सीआईएल सीएमडी पीएम प्रसाद ने पहली बार उस समय स्वयं पहल कर शुरू कराया था जब वह सीसीएल के सीएमडी थे।

सीसीएल के पूर्व महाप्रबंधक, सीएसआर, लाडी बालकृष्ण, ने The Indian Tribal को बताया, ‘एक साल का प्रोजेक्ट पिछले साल नवंबर में शुरू हुआ था। इसे रांची और रामगढ़ में लागू किया गया। दोनों ही जिले सीसीएल के कमांड क्षेत्र के अंतर्गत आते हैं। इसमें 10 से 18 वर्ष के आयु वर्ग के 50 लडक़ों और 50 लड़कियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। यहां बेहतर से बेहतर तरीके से इन बच्चों के कौशल को निखारने का प्रयास किया जा रहा है।’ इसी साल 31 जनवरी को सेवानिवृत्त हुए बालकृष्ण के कार्यकाल में ही इस परियोजना को मंजूरी दी गई थी।

CCL CSR | The Indian Tribal
आशा के सचिव अजय जयसवाल (सफ़ेद शर्ट पहने बीच में) खिलाड़ियों के साथ

एसोसिएशन फॉर सोशल एंड ह्यूमन अवेयरनेस (आशा) के सचिव अजय जयसवाल बताते हैं कि प्रशिक्षण के लिए चयनित खिलाड़ियों में खेल के प्रति जबरदस्त जुनून देखने को मिल रहा है। वे इस खेल के माध्यम से अपना, अपने परिवार, राज्य और देश का नाम रोशन करने का सपना लेकर आगे बढ़ रहे हैं।

कांके के नगड़ी जत्रा मैदान में 16 वर्षीय रोहन मुंडा और रोहिणी कुजूर भी फुटबॉल का प्रशिक्षण ले रहे हैं। जयसवाल ने The Indian Tribal को बताया कि रोहन में पागलपन की हद तक फुटबॉल का जुनून भरा है। जयसवाल की बातों पर युवा रोहन मंद-मंद मुस्कराते हैं। वह अपने ख्वाब के बारे में खुलकर बोलते हैं, ‘मैं फुटबॉल का बेहतरीन खिलाड़ी बन कर अपने राज्य और देश का नाम रोशन करना चाहता हूं।’ इतना कहकर वह आगे बढ़ जाते हैं।

किसान परिवार से ताल्लुक रखने वाली 11वीं की छात्रा रोहिणी पढ़ाई भी करना चाहती है और प्रशिक्षण भी छोड़ना नहीं चाहती। वह चार बहन-भाई हैं। रोहिणी कहती हैं, ‘मैं एक अच्छी डिफेंडर बनना चाहती हूं। मैं रोजाना अपने स्कूल से घर जाती हूं और घर का सारा काम निपटाने के बाद फुटबॉल का प्रशिक्षण लेने ग्राउंड पर आती हूं।’

दस साल की निधि टोप्पो अर्जेंटीना के महान फुटबॉल खिलाड़ी लियोनेल मेसी को अपना आदर्श मानती हैं। निधि भी सामान्य घर-परिवार की बच्ची है। घर में एकमात्र कमाने वाले उनके पिता की मृत्यु हो चुकी है। बच्चों के लालन-पालन के लिए उनकी मां अब खेतों में काम करती हैं। परिवार के समक्ष खड़ी चुनौतियों और कठिनाई को धता बताते हुए वह कहती हैं, ‘मैं मेसी जैसी स्ट्राइकर बनना चाहती हूं। मुझे गोल करना बहुत अच्छा लगता है।’

जयसवाल कहते हैं, ‘इस परियोजना का उद्देश्य फुटबॉल के 600 खिलाड़ी तैयार करना है। पहले चरण में 100 युवाओं को एक साल का प्रशिक्षण देकर कुशल बनाना है। इसके बाद ये युवा ही संभावित 600 अन्य फुटबॉल खिलाड़ियों को प्रशिक्षित करेंगे।’

CCL CSR | The Indian Tribal
आशा द्वारा संचालित एक प्रशिक्षण शिविर

भारतीय खेल प्राधिकरण (एसएआई) केंद्रों में नामांकन करने या पेशेवर क्लबों में उनके प्लेसमेंट की सुविधा प्रदान करने के लिए परियोजना के तहत स्कूल-कॉलेजों के अलावा रांची और रामगढ़ के ब्लॉकों में जागरूकता, कोचिंग क्लीनिक और शिविर आयोजित किए जाएंगे।

जयसवाल बताते हैं कि सीसीएल प्रायोजित इस परियोजना में स्पोर्टवियर, स्पोर्टगियर, प्रशिक्षण उपकरण, प्रशिक्षुओं और यहां तक कि परीक्षण के लिए आने वाले लोगों के लिए जलपान, परिवहन, कोचिंग, कंडीशनिंग जैसी तमाम छोटी-मोटी जरूरतों का ख्याल रखा जाता है। यही नहीं, प्रशिक्षुओं में आपसी संबंध मजबूत करने के लिए समूह लंच या डिनर, फिल्म या जादू शो, समाचार पत्र और पत्रिकाएं वगैरह मनोरंजक गतिविधियां कराई जाती हैं।

इस परियोजना का उद्देश्य प्रशिक्षुओं और लाभार्थियों के सामाजिक-आर्थिक कल्याण में योगदान देना भी है। जयसवाल जोर देकर कहते हैं कि प्रशिक्षण के दौरान युवाओं के कौशल और ज्ञान में वृद्धि कर उनकी रोजगार क्षमता और आय-सृजन क्षमता को बढ़ाने का प्रयास भी किया जाता है, ताकि उन्हें अपने भविष्य की चिंता न सताए।

वह कहते हैं, ‘इस परियोजना के बेहतर से बेहतर परिणाम हासिल करने के लिए कम से कम दो साल के निरंतर अभियान की आवश्यकता है।’

Root Woot | Online Puja Samagri Root Woot | Online Puja Samagri Root Woot | Online Puja Samagri

In Numbers

49.4 %
Female Literacy rate of Scheduled Tribes

Update

Saura children to be imparted education in own language

In a novel move, the Gajapati district administration in Odisha has launched an initiative titled 'Aame Padhibaa Aama Bhasare' (we will learn in our own language) to impart pre-school education to children belonging to the Saura tribal community, one of the oldest Scheduled Tribes, in their own language. The programme will cover 30 anganwadi centres in Gumma and Rayagada blocks of Gajapati district which has around 90 per cent of the Saura population. In the first phase of the initiative, the State government has decided to implement the programme in six tribal-majority districts namely Gajapati, Malkangiri, Nabarangpur, Rayagada, Kandhamal and Keonjhar. The children will be taught in indigenous languages such as Koya (Malkangiri), Gondi (Nabarangpur), Kuvi (Rayagada) and Saura (Gajapati).
The Indian Tribal
आदिवासी

बेटियों की शिक्षा की बनी ढाल, रोके पाँच बाल विवाह

by The Indian Tribal
February 20, 2026

राजस्थान के भील आदिवासी समाज में गहरी जड़ें जमा चुकी बाल विवाह और छुआछूत की परंपराओं को चुनौती देकर यह आंगनवाड़ी कार्यकर्ता बनीं शिक्षा, पोषण और बेटियों की गरिमा की प्रहरी। विकास मेश्राम की रिपोर्ट PART-2

The Indian Tribal

घूंघट और घर से बाहर निकल नेतृत्व क्षमता की मिसाल बन रही हैं राजस्थान की ये आदिवासी महिलाएं

February 17, 2026
The Indian Tribal

Tribal Pad Woman Breaking Menstrual Taboos In Bengal’s Tea Gardens

February 11, 2026
The Indian Tribal

Sundargarh Artisans Revive Rare Bamboo Root Craft, Carve Out Eco-Friendly Designs

February 5, 2026
The Indian Tribal

सिक्किम में स्केटबोर्डिंग बना जनजातीय युवाओं की नई पहचान

February 4, 2026
The Indian Tribal

बाघों का खौफ और शादी का संकट: क्या पलायन ही गोंड आदिवासियों का एकमात्र विकल्प है?

February 3, 2026
Previous Post

Jailed Hemant, Kejriwal Gain Centrestage At INDIA Bloc’s Ulgulan Nyay Maharally

Next Post

ज़ेरोन की तमन्ना है कि…विश्व पटल पर छा जाए लेप्चा संगीत

Top Stories

The Indian Tribal
आदिवासी

बांसवाड़ा की दो सशक्त आदिवासी महिलाएं रच रहीं सामाजिक बदलाव की नई कहानी

February 22, 2026
The Indian Tribal
आदिवासी

बेटियों की शिक्षा की बनी ढाल, रोके पाँच बाल विवाह

February 20, 2026
Supreme court of India
Chhattisgarh

Supreme Court Stays Exhumation Of Bodies Of Tribal Christians In Chhattisgarh Villages

February 18, 2026
Load More
  • About Us
  • Contact
  • Team
  • Redressal
  • Copyright Policy
  • Privacy Policy And Terms Of Use
  • Disclaimer
  • Sitemap

  • Achievers
  • Cuisine
  • Health
  • Hindi Featured
  • India
  • News
  • Legal
  • Music
  • Sports
  • Trending
  • Chhattisgarh
  • Delhi
  • Gujarat
  • Jammu & Kashmir
  • Jharkhand
  • Kerala
  • Madhya Pradesh
  • Maharashtra
  • North East
  • Arunachal Pradesh
  • Assam
  • Manipur
  • Meghalaya
  • Mizoram
  • Nagaland
  • Sikkim
  • Tripura
  • Odisha
  • Telangana
  • West Bengal
  • Political News
  • Variety
  • Art & Culture
  • Entertainment
  • Adivasi
  • Tribal News
  • Scheduled Tribes
  • हिंदी
  • उपलब्धिकर्ता
  • कानूनी
  • खान पान
  • खेलकूद
  • स्वास्थ्य
  • संस्कृति
  • संगीत
  • विविध
  • कला और संस्कृति
  • खबरें
  • असम की ताज़ा ख़बरें
  • अरुणाचल प्रदेश की ताज़ा ख़बरें
  • ओडिशा की ताज़ा ख़बरें
  • केरल की ताज़ा ख़बरें
  • गुजरात की ताज़ा ख़बरें
  • छत्तीसगढ़
  • जम्मू और कश्मीर की ताज़ा ख़बरें
  • झारखंड न्यूज़
  • तेलंगाना की ताज़ा ख़बरें
  • दिल्ली
  • नॉर्थईस्ट की ताज़ा ख़बरें
  • पश्चिम बंगाल की ताज़ा ख़बरें
  • मध्य प्रदेश की ताज़ा ख़बरें
  • महाराष्ट्र की ताज़ा ख़बरें
  • त्रिपुरा की ताज़ा ख़बरें
  • नागालैंड की ताज़ा ख़बरें
  • मणिपुर की ताज़ा ख़बरें
  • मिजोरम की ताज़ा ख़बरें
  • मेघालय की ताज़ा ख़बरें
  • सिक्किम की ताज़ा ख़बरें
  • राजस्थान की ताज़ा ख़बरें

About Us

The Indian Tribal is India’s first bilingual (English & Hindi) digital journalistic venture dedicated exclusively to the Scheduled Tribes. The ambitious, game-changer initiative is brought to you by Madtri Ventures Pvt Ltd (www.madtri.com). From the North East to Gujarat, from Kerala to Jammu and Kashmir — our seasoned journalists bring to the fore life stories from the backyards of the tribal, indigenous communities comprising 10.45 crore members and constituting 8.6 percent of India’s population as per Census 2011. Unsung Adivasi achievers, their lip-smacking cuisines, ancient medicinal systems, centuries-old unique games and sports, ageless arts and crafts, timeless music and traditional musical instruments, we cover the Scheduled Tribes community like never-before, of course, without losing sight of the ailments, shortcomings and negatives like domestic abuse, alcoholism and malnourishment among others plaguing them. Know the unknown, lesser-known tribal life as we bring reader-engaging stories of Adivasis of India.

Follow Us

All Rights Reserved

© 2024 Madtri Ventures [P] Ltd.

No Result
View All Result
  • Home
  • Achievers
  • Cuisine
  • Health
  • Health
  • Legal
  • Music
  • News
  • Sports
  • Variety
  • हिंदी
    • उपलब्धिकर्ता
    • खान पान
    • कानूनी
    • खेलकूद
    • खेलकूद
    • संगीत
    • संगीत
    • स्वास्थ्य
    • स्वास्थ्य
    • विविध
  • Gallery
  • Videos

© 2024 Madtri Ventures [P] Ltd.